Search

    Language Settings
    Select Website Language

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policy, and Terms of Service.

    प्रोटीन की समझ: पोषण और सप्लीमेंटेशन पर महत्वपूर्ण जानकारी

    1 week ago

    डॉ. श्याम रामकृष्णन, निदेशक, अनुसंधान एवं विकास, भारत और दक्षिण-पूर्व एशिया बाज़ार, एमवे

     

    प्रोटीन हमारे पोषण का एक बुनियादी स्तंभ है। यह माँसपेशियों की वृद्धि, रोग प्रतिरोधक क्षमता और संपूर्ण स्वास्थ्य के लिए आवश्यक है। इसके महत्व के बावजूद, कई लोगों को अपनी रोज़ की प्रोटीन की जरूरत पूरी करने में कठिनाई होती है। व्यस्त जीवनशैली, खान-पान की पसंद या यह समझ की कमी कि वास्तव में कितनी प्रोटीन की आवश्यकता है, ये सभी कारण हो सकते हैं। इसके अलावा, प्रोटीन सप्लीमेंट को लेकर कई गलत धारणाएँ भी प्रचलित हैं, जो भ्रम और गलत निर्णय का कारण बनती हैं। यह लेख प्रोटीन से जुड़े आम मिथकों को स्पष्ट करता है और आहार में इसकी भूमिका, सप्लीमेंट की आवश्यकता तथा उच्च गुणवत्ता वाले प्रोटीन स्रोत चुनने के लाभों पर रोशनी डालता है।

    प्रोटीन की भूमिका और आम गलतफहमियाँ

    प्रोटीन माँसपेशियों के रखरखाव, रोग प्रतिरोधक क्षमता, वजन प्रबंधन और हड्डियों के स्वास्थ्य के लिए बहुत महत्वपूर्ण है। लेकिन, इसकी मात्रा को लेकर गलत धारणाएँ लोगों को गलत चुनाव करने पर मजबूर कर सकती हैं। उदाहरण के लिए, कई लोग मानते हैं कि ज्यादा प्रोटीन लेने से अपने आप ज्यादा माँसपेशियाँ बन जाएँगी। जबकि सच्चाई यह है कि अधिक मात्रा में प्रोटीन लेने से ही माँसपेशियाँ नहीं बढ़तीं। माँसपेशियों की वृद्धि के लिए नियमित व्यायाम (विशेषकर रेसिस्टेंस ट्रेनिंग), संतुलित आहार और पर्याप्त आराम जरूरी है। केवल अधिक प्रोटीन लेना पर्याप्त नहीं है। एक और मिथक यह है कि प्रोटीन सप्लीमेंट केवल बॉडीबिल्डर्स या खिलाड़ियों के लिए होते हैं, जबकि उनकी प्रोटीन की आवश्यकता अधिक हो सकती है, लेकिन शाकाहारी, वीगन, बुजुर्ग और कुछ विशेष स्वास्थ्य स्थितियों वाले लोग भी इससे लाभ उठा सकते हैं। किडनी को नुकसान पहुँचने की चिंता भी अक्सर बढ़ा-चढ़ाकर बताई जाती है। स्वस्थ व्यक्तियों के लिए सीमित मात्रा में प्रोटीन सप्लीमेंट सुरक्षित होते हैं, लेकिन जिन लोगों को किडनी से जुड़ी समस्या है, उन्हें पहले डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।

    प्रोटीन सप्लीमेंट पूरे भोजन का स्थान नहीं ले सकते, क्योंकि उनमें आवश्यक विटामिन, खनिज और फाइबर की कमी होती है। यह धारणा भी गलत है कि प्रोटीन से वजन बढ़ता है। वजन बढ़ना कुल कैलोरी की अधिकता के कारण होता है, केवल प्रोटीन के कारण नहीं। वास्तव में, प्रोटीन पेट भरा हुआ महसूस कराने में मदद करता है और कम कैलोरी लेने के दौरान भी माँसपेशियों को सुरक्षित रखने में सहायक होता है।

    व्यस्त लोगों या विशेष आहार अपनाने वालों के लिए, प्रोटीन सप्लीमेंट जैसे न्यूट्रिलाइट ऑल प्लांट प्रोटीन एक स्वच्छ और टिकाऊ विकल्प प्रदान करते हैं, जो अलग-अलग आयु वर्ग और खान-पान की पसंद के अनुसार प्रोटीन की जरूरत पूरी करने में मदद करता है।

    सही प्रोटीन सप्लीमेंट का चयन

    प्रोटीन सप्लीमेंट चुनते समय उसकी गुणवत्ता को प्राथमिकता देना बहुत जरूरी है। ऐसे उत्पाद चुनें जिनमें कम से कम मिलावट या अतिरिक्त पदार्थ हों और जिन्हें शुद्धता, सुरक्षा और प्रभावशीलता के लिए क्लिनिकली टेस्ट किया गया हो। प्रोटीन की पाचन क्षमता भी एक महत्वपूर्ण पहलू है। यदि किसी उत्पाद का पीडीसीएएएस (प्रोटीन डाइजेस्टिबिलिटी करेक्टेड अमीनो एसिड स्कोर) 1 है, तो इसका मतलब है कि वह प्रोटीन शरीर द्वारा अच्छी तरह अवशोषित किया जाता है। साथ ही, प्रोटीन सप्लीमेंट में कृत्रिम रंग, प्रिज़र्वेटिव और अतिरिक्त चीनी नहीं होनी चाहिए।

     

    न्यूट्रिलाइट ऑल प्लांट प्रोटीन इन मानकों पर खरा उतरता है। इसमें प्रति सर्विंग 80% प्रोटीन होता है, जो सोया, मटर और गेहूँ प्रोटीन के मिश्रण से प्राप्त होता है। यह कोलेस्ट्रॉल, डेयरी और लैक्टोज से मुक्त है और भारतीय तथा अंतर्राष्ट्रीय मानकों के अनुसार सख्त सुरक्षा नियमों का पालन करता है। उच्च गुणवत्ता वाला प्रोटीन सप्लीमेंट चुनकर आप सुनिश्चित कर सकते हैं कि आपके शरीर को आवश्यक अमीनो एसिड मिल रहे हैं, जो माँसपेशियों को बनाए रखने, रिकवरी में सहायता करने और संपूर्ण स्वास्थ्य को बढ़ावा देने में मदद करते हैं।

    रोज़ाना की प्रोटीन आवश्यकता को पूरा करना अच्छे स्वास्थ्य के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। सही तरीका अपनाने से संतुलित पोषण सुनिश्चित होता है। चाहे आपका लक्ष्य स्वस्थ आहार हो, फिटनेस हो या संपूर्ण स्वास्थ्य, समझदारी भरे भोजन विकल्प और उच्च गुणवत्ता वाले सप्लीमेंट, जैसे न्यूट्रिलाइट ऑल प्लांट प्रोटीन पोषण की कमी को पूरा करने में एक स्वच्छ, प्रभावी और टिकाऊ पौध-आधारित विकल्प प्रदान कर सकते हैं।

    Click here to Read More
    Previous Article
    Live Past Life Regression | पिछले जन्म में आप क्या थे | Moksha | Life After Death🔥| Meenu Minocha
    Next Article
    चुनावी प्रबंधन कार्यशाला से कांग्रेस की व्यापक एवं सूक्ष्म तैयारियों का संदेश

    Related देश Updates:

    Are you sure? You want to delete this comment..! Remove Cancel

    Comments (0)

      Leave a comment