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    शिक्षा के विकास के लिए राजस्थान की पहल व नवाचारों को शिक्षाविदों ने सराहा

    2 months ago

    - राष्ट्रीय शिक्षा नीति- 2020 के क्रियान्वयन पर आरएससीईआरटी की ओर से राष्ट्रीय संगोष्ठी में हुआ मंथन

    जयपुर/उदयपुर। राजस्थान राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (आरएससीईआरटी) की ओर से राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के क्रियान्वयन पर चर्चा के लिए उदयपुर में आयोजित तीन दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी के दूसरे दिन मंगलवार को राजस्थान शिक्षा विभाग के नवाचार व पहल चर्चा के केंद्र में रहे। निदेशक आरएससीईआरटी श्रीमती श्वेता फगेडिया ने बताया कि राजस्थान में शैक्षिक उन्नयन के लिए किए जा रहे नवाचारों की विभिन्न राज्यों के एससीईआरटी प्रतिनिधियों ने सराहा है व उनपर अपने राज्यों में काम करने की मंशा जताई है। साथ ही आरएससीईआरटी के अधिकारियों को भी देशभर के शिक्षाविदों से नई दृष्टि व जानकारी मिली है जो प्रदेश के शैक्षिक विकास में भूमिका निभाएगी।

    राष्ट्रीय संगोष्ठी के दूसरे दिन शिक्षक प्रशिक्षण विशेषज्ञ श्री सुबीर शुक्ला के मॉडरेशन में 'शिक्षक सुदृढ़ीकरण' विषयक प्रथम सेशन में आरएससीईआरटी की ओर से डॉ. अरुण शर्मा ने राजस्थान में राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के क्रियान्वयन के लिए चलाए जा रहे मुख्यमंत्री शिक्षित राजस्थान अभियान पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि राजस्थान ऐसा अभियान चलाने वाला देश का पहला राज्य है। उन्होंने प्रदेश में शिक्षकों के कौशल व व्यावसायिक विकास के लिए सेवापूर्व प्रशिक्षण, सेवा के दौरान प्रशिक्षण व​ शिक्षकों का भार कम करने के लिए किए जा रहे कार्यों की जानकारी दी।

    आरएससीईआरटी की ओर से प्रारंभिक शिक्षकों के लिए डीपीएससी कोर्स का सिलेबस नए सिरे से तैयार करने, डीएलएड कोर्स का रिव्यू करने, शिक्षक प्रशिक्षण में डिजिटल नवाचार, शाला दर्पण के माध्यम से रियल टाइम मॉनिटरिंग, शिक्षक एप, सीबीए, ओआरएफ, शाला संबलन एप, आरएससीईआरटी डैश बोर्ड व प्रबंध पोर्टल से मॉनिटरिंग जैसी गतिविधियों को प्रतिभागियों ने सराहा।

    इस दौरान प्रदेश में एनईपी व एनसीएफ आधारित पुस्तकों व वर्कबुक्स की व्यवस्था, कक्षा में शिक्षकों को डिजिटल सपोर्ट व नियमित रेमेडिएशन प्रोग्राम की भी चर्चा की गई। इस सेशन में एससीईआरटी आंध्र प्रदेश के प्रतिनिधियों ने वहां शिक्षा विभाग की ओर से 'गारंटीड एफएलएन', कक्षा 6 से 10 की पुस्तकों के तेलुगू अनुवाद व होलिस्टिक प्रोग्रेस कार्ड की पहल के बारे में बताया। मध्यप्रदेश के प्रतिनिधियों ने वहां शिक्षकों के व्यावसायिक विकास के लिए लागू की गई शिक्षक प्रशिक्षण नीति व शैक्षिक संवाद की पहल पर प्रकाश डाला। सुबीर कुमार ने शिक्षक प्रशिक्षण के विविध पहलुओं पर चर्चा करते हुए शिक्षकों में व्यावसायिक कौशल के साथ विद्यार्थियों के साथ उनके संबंधों पर जोर देने पर प्रकाश डाला।

    शिक्षकों को भावनात्मक रूप से मजबूत बना रही खुशी शाला -

    दूसरे सेशन में आरएससीईआरटी के प्रतिनिधियों ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 की मंशा के अनुरूप प्रदेश के शिक्षकों के सामाजिक, भावनात्मक व नैतिक कौशल में विकास के लिए किए गए नवाचार खुशी शाला पर प्रकाश डाला। खुशी शाला के अंतर्गत शिक्षकों के कौशल विकास के लिए चार पुस्तकें लॉन्च की गई हैं। इनके माध्यम से शिक्षकों को ऐसी विभिन्न गतिविधियों की जानकारी दी जाती है जो उनको भावनात्मक, सामाजिक व नैतिक रूप से मजबूत बनाती हैं। इस प्रकार तैयार शिक्षक विद्यार्थियों को भी इन गतिविधियों के माध्यम से मजबूत बनाते हैं। इस सेशन में जम्मू कश्मीर व झारखंड एससीईआरटी के प्रतिनिधियों ने वहां राष्ट्रीय शिक्षा नीति के क्रियान्वयन के लिए किए जा रहे प्रयासों पर प्रकाश डाला। पूर्व वरिष्ठ वैज्ञानिक प्रो. गायत्री तिवारी ने शिक्षण व्यवस्था के विभिन्न पहलुओं पर बात की।

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