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    जगद्गुरु रामानंदाचार्य राजस्थान संस्कृत विश्वविद्यालय, जयपुर नवनियुक्त कुलपति प्रो. मदन मोहन झा ने संभाला कार्यभार

    1 month ago

    जयपुर,
    जगद्गुरु रामानंदाचार्य राजस्थान संस्कृत विश्वविद्यालय, जयपुर के नवनियुक्त कुलपति कुलगुरु प्रो. मदन मोहन झा ने आज विधिवत रूप से अपने पद का कार्यभार ग्रहण किया। कार्यवाहक कुलपति प्रो. नन्दकिशोर पाण्डेय ने कुलपति कार्यालय में उन्हें औपचारिक रूप से कार्यभार सौंपा। इस अवसर पर कुलसचिव गुंजन सोनी भी उपस्थित रहें।

    कार्यग्रहण से पूर्व कुलगुरु प्रो. मदन मोहन झा ने प्रातः 8:30 से 8:45 बजे तक श्री काले हनुमानजी मंदिर, चांदी की टकसाल में पूजा-अर्चना की तथा 9:15 बजे श्री राधा गोविन्द देव जी मंदिर, गोविन्द धाम में दर्शन एवं पूजा-अर्चना संपन्न की। इसके उपरांत 10:30 बजे वे राजभवन पहुँचे और राजस्थान के राज्यपाल एवं विश्वविद्यालय के कुलाधिपति महामहिम हरिभाऊ किशनराव बागड़े से शिष्टाचार भेंट की।

    इसके बाद कुलगुरु प्रो.मदन मोहन झा केन्द्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय, जयपुर परिसर (त्रिवेणी नगर) पहुँचे, जहाँ परिसर निदेशक प्रो. रमाकान्त पाण्डेय के नेतृत्व में उनका उत्साहपूर्वक स्वागत एवं अभिनन्दन किया गया। तत्पश्चात उन्होंने जगद्गुरु रामानंदाचार्य राजस्थान संस्कृत विश्वविद्यालय परिसर स्थित श्री रामानंदाचार्य मंदिर में पूजा-अर्चना की, जहाँ वेद विभाग के डॉ. देवेन्द्र शर्मा के नेतृत्व में वैदिक विद्वानों ने वैदिक मंत्रोच्चारण द्वारा उनका स्वागत किया। विश्वविद्यालय का संक्षिप्त परिचय डॉ. राजधर मिश्र द्वारा प्रस्तुत किया गया।

    कुलपति कार्यालय में कार्यभार ग्रहण करने के पश्चात कुलगुरु प्रो. झा ने अपनी भावनाएँ व्यक्त करते हुए कहा कि वे कम बोलने और अधिक कार्य करने में विश्वास रखते हैं। उन्होंने बताया कि उनके द्वारा विकसित मोबाइल ऐप के माध्यम से वे संस्कृत जगत के सभी विद्वानों और विद्यार्थियों से निरंतर जुड़े रहते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि राजस्थान से उनका विशेष आत्मीय संबंध है उन्होंने अपनी ‘बेटी’ राजस्थान को ही दी है, इसलिए यह प्रदेश और यहाँ के संस्कृत-सेवी उनके लिए परिवार के समान हैं। उन्होंने संस्कृत भाषा को वैश्विक स्तर पर प्रतिष्ठित करने, शोध एवं शिक्षण की गुणवत्ता बढ़ाने तथा विश्वविद्यालय को नई ऊँचाइयों पर ले जाने के अपने संकल्प को दोहराया। वरिष्ठ पत्रकार डॉ एलसी भारतीय श्रीराम की मूर्ति भेंट कर स्वागत किया
    इस अवसर पर अनेक विद्वान एवं प्राध्यापक उपस्थित रहे केसवि जयपुर परिसर के पूर्व निदेशक प्रो. सुदेश कुमार शर्मा, प्रो. भगवती सुदेश, प्रो. श्रीधर मिश्र, प्रो. लोकमान्य मिश्र, प्रो. बोध कुमार झा, प्रो. गोपीनाथ शर्मा, प्रो. कुलदीप शर्मा,  प्रो. कृष्णा शर्मा, प्रो. शीशराम, डॉ माताप्रसाद शर्मा डॉ. कैलाश शर्मा, डॉ. स्नेहलता शर्मा, डॉ. कुलदीप सिंह पालावत, डॉ. दिवाकर मिश्र, डॉ. कैलाशचंद्र सैनी, डॉ. विजयकुमार दाधीच, डॉ. रानी दाधीच, डॉ. नमिता मित्तल, डॉ. देवानंद शुक्ल, डॉ. सीमा अग्रवाल, डॉ. प्रमोद कुमार बुटोलिया, डॉ. योगेन्द्र दीक्षित, डॉ. देवेन्द्र शर्मा, डॉ. शशि कुमार शर्मा, शंकर जयकिशन, डॉ. रामेश्वर नाथ द्विवेदी, डॉ. शम्भूनाथ झा, सुभाष शर्मा राजेन्द्र शर्मा नरेन्द्र दोतोलिया सहित संस्कृत अनुरागीउपस्थित रहें । कार्यक्रम का संचालन दर्शन विभागाध्यक्ष शास्त्री कौशलेन्द्रदास ने किया।

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