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    नेपाल में आज नए सरकार के लिए मतदान, जनरेशन-Z विरोध प्रदर्शनों के बाद पहली बड़ी राजनीतिक परीक्षा

    2 days ago

    Yugcharan News | 5 मार्च 2026

    हिमालयी देश Nepal में आज नई सरकार के गठन के लिए मतदान हो रहा है। यह चुनाव पिछले वर्ष हुए जनरेशन-Z नेतृत्व वाले बड़े विरोध प्रदर्शनों के बाद पहली बार आयोजित किया जा रहा है, जिन्होंने तत्कालीन सरकार को गिरा दिया था। इन प्रदर्शनों के दौरान कम से कम 77 लोगों की मौत हुई थी और उसके बाद अंतरिम सरकार का गठन किया गया था।

    फिलहाल देश का नेतृत्व अंतरिम प्रधानमंत्री Sushila Karki कर रही हैं। चुनाव के बाद नई संसद बनने के साथ ही स्थायी सरकार के गठन की प्रक्रिया शुरू होगी।


    पुराने नेताओं के लिए बड़ी चुनौती

    विश्लेषकों के अनुसार यह चुनाव नेपाल की पारंपरिक राजनीतिक नेतृत्व के लिए बड़ी परीक्षा माना जा रहा है। लंबे समय से राजनीति में प्रभाव रखने वाले तीन प्रमुख नेताओं पर सभी की नजरें हैं — Sher Bahadur Deuba, KP Sharma Oli और Pushpa Kamal Dahal

    इन नेताओं ने पिछले एक दशक से अधिक समय तक देश की राजनीति में अहम भूमिका निभाई है। हालांकि हाल के वर्षों में जनता के बीच बढ़ती असंतुष्टि और राजनीतिक अस्थिरता ने उनकी लोकप्रियता को चुनौती दी है।


    युवा नेताओं की एंट्री से मुकाबला रोचक

    इस बार चुनाव में कई युवा चेहरे भी मजबूत चुनौती पेश कर रहे हैं। इनमें Rabi Lamichhane प्रमुख हैं, जो पहले मीडिया से जुड़े रहे और अब युवाओं के बीच लोकप्रिय नेता के रूप में उभरे हैं।

    इसी तरह 35 वर्षीय Balendra Shah भी युवा राजनीतिक बदलाव के प्रतीक के रूप में चुनाव मैदान में हैं। वे पूर्व प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली को उनके ही क्षेत्र झापा-5 में कड़ी चुनौती दे रहे हैं।

    इसके अलावा Gagan Thapa, जो 49 वर्ष के हैं और नेपाली कांग्रेस के नए प्रमुख बने हैं, भी इस चुनाव में प्रमुख दावेदारों में शामिल हैं।


    275 सीटों के लिए हो रहा मतदान

    नेपाल की संसद के निचले सदन, प्रतिनिधि सभा, की कुल 275 सीटों के लिए मतदान हो रहा है। इनमें से 165 सदस्य सीधे चुनाव प्रणाली (फर्स्ट-पास्ट-द-पोस्ट) के जरिए चुने जाएंगे, जबकि 110 सीटें आनुपातिक प्रतिनिधित्व प्रणाली के तहत भरी जाएंगी।

    मतदान की तैयारियां पहले ही पूरी कर ली गई थीं। चुनाव सामग्री को देश के दूरदराज और बर्फ से ढके पहाड़ी इलाकों तक पहुंचाया गया है। नेपाल में दुनिया की 10 सबसे ऊंची चोटियों में से आठ स्थित हैं, जिनमें Mount Everest भी शामिल है।


    लोगों से निर्भय होकर वोट देने की अपील

    अंतरिम प्रधानमंत्री सुषिला कार्की ने नागरिकों से बिना किसी डर के मतदान करने की अपील की है। सरकार ने दावा किया है कि चुनाव शांतिपूर्ण और निष्पक्ष तरीके से कराने के लिए पर्याप्त सुरक्षा और प्रशासनिक इंतजाम किए गए हैं।

    राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस चुनाव के परिणाम आने में कुछ दिन लग सकते हैं। यदि किसी भी दल को स्पष्ट बहुमत नहीं मिलता है तो गठबंधन सरकार बनाने के लिए लंबी बातचीत भी हो सकती है।


    नेपाल की राजनीति के लिए अहम मोड़

    विशेषज्ञों के अनुसार यह चुनाव सिर्फ सरकार चुनने का मामला नहीं है, बल्कि नेपाल की राजनीति के भविष्य का भी संकेत देगा। युवा मतदाताओं की बढ़ती भागीदारी और बदलाव की मांग ने पारंपरिक राजनीतिक दलों के सामने नई चुनौतियां खड़ी कर दी हैं।

    अब यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या पुराने नेता अपनी पकड़ बनाए रखते हैं या फिर युवा नेतृत्व देश की राजनीति में नई दिशा तय करता है।

     
     
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