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    तीन दिवसीय दक्ष 2025 होम साइंस फेस्ट का हुआ सफल आयोजन

    10 months ago

    कानोड़िया पीजी महिला महाविद्यालय में गृहविज्ञान विभाग द्वारा दिनांक 19 से 21 नवंबर 2025 (तीन दिवसीय) ‘दक्ष 2025 वेयर सांइस मीटस सोल  होम साइंस फेस्ट’ का सफल आयोजन किया गया। फेस्ट का उद्देश्य गृह विज्ञान के बहुआयामी पहलुओं को उजागर करना था, जिसमें फूड और न्यूट्रिशन, मानव विकास, संचार एवं प्रसार, इंटीरियर डिजाइन और टेक्सटाइल जैसे प्रमुख क्षेत्र शामिल थे। कार्यक्रम में छात्राओं में रचनात्मकता, वैज्ञानिक ज्ञान, व्यावहारिक कौशल और उद्यमिता के महत्व को बढ़ावा दिया। महाविद्यालय प्राचार्य डॉ. सीमा अग्रवाल द्वारा छात्राओं को ऐसी गतिविधियों में भाग लेने के लिए प्रेरित किया तथा ऐसी रचनात्मक गतिविधियों की सराहना की। कार्यक्रम के पहले सत्र में डॉ. तनुश्री सिंह, संस्थापक एवं सीईओ, बेसिक फूड स्टूडियो ने छात्राओं को स्टार्ट-अप और पारंपरिक व्यवसाय के बीच के अंतर, नवाचार और उद्यमिता कौशल पर विस्तृत जानकारी दी साथ ही उन्होंने छात्राओं को व्यवसाय की सफलता के महत्वपूर्ण पहलुओं जैसे कि मार्केट एनालिसिस, रिवेन्यू प्लानिंग, इक्विटी समझना, समस्याओं की पहचान, समाधान विकसित करना और प्रभावी कार्यान्वयन समझाया व असफलता को सीख का हिस्सा बताया। दूसरे सत्र में, डॉ. नमिता सोनी, डायरेक्टर, मैपल ट्री इंटरनेशनल स्कूल ने छात्राओं को फिंगर पपेट, स्टिक पपेट और ग्लव पपेट सहित विभिन्न प्रकार की कठपुतलियों का परिचय दिया और उनका निर्माण सरल, चरणबद्ध तरीके से प्रदर्शित किया। उन्होंने यह भी समझाया कि कैसे नाट्य प्रदर्शन और कहानी प्रस्तुत करना संचार का एक प्रभावी माध्यम हो सकता है तथा कठपुतली एवं कहानी सुनाना आय सृजनात्मक गतिविधि के रूप में भी उपयोगी हो सकता है। अंत में उन्होंने सूर्य और पवन की कहानी सुनाकर एक सामाजिक संदेश दिया। द ग्लो कोड सत्र में स्वास्थ्य और जीवनशैली जागरूकता के लिए छात्राओं का बॉडी फैट एनालिसिस और लंबाई मापन किया गया। डॉ. ऋचा चतुर्वेदी, विभागाध्यक्ष द्वारा इस बात पर प्रकाश डाला कि कैसे दैनिक आदतें विशेष रूप से भोजन का चुनाव और शारीरिक व्यायाम सम्रग स्वास्थ्य को बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते है। डॉ. शशि भार्गव, पूर्व सहयोगी प्रोफेसर और प्रसिद्ध गार्डन कंसल्टेंट ने इकेबाना शैली के कलात्मक और सांस्कृतिक महत्व से परिचित कराया तथा इकेबाना व्यवस्थाओं पर चर्चा की। कार्यक्रम के अंतिम दिन, वी. के. बडेतीया, टेक्सटाइल विशेषज्ञ, आर्च कॉलेज ऑफ डिजाइन द्वारा छात्राओं को विभिन्न पारंपरिक और आधुनिक तकनीकों से टाई एंड डाई में कपड़ों पर डिजाइन बनाने के तरीके सिखाये गये। इसके साथ ही ट्रेजर हंट, रील-मेकिंग और फोटोग्राफी प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं, जिसमें छात्राओं में टीमवर्क, रचनात्मकता और डिजिटल कौशल का विकास हुआ। कार्यक्रम में छात्राओं द्वारा हस्तनिर्मित ज्वेलरी, खाद्य उत्पाद और कपड़ों आदि लगभग 10 स्टॉल लगाई गई। जिससे छात्राओं को मार्केटिंग और व्यावसायिक अनुभव प्राप्त हुआ।

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