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    आईआईएस विश्वविद्यालय का 11वां दीक्षांत समारोह: 142 स्वर्ण पदक, 710 मेरिट, 190 पीएचडी समेत 3451 छात्राओं को उपाधियां

    1 month ago

    उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी डी.लिट. की मानद उपाधि से सम्मानित

    जयपुर। आईआईएस (डीम्ड टू बी यूनिवर्सिटी), जयपुर में 11वें दीक्षांत समारोह का भव्य आयोजन गरिमामय वातावरण में हुआ। इस अवसर पर शैक्षणिक सत्र 2022-23, 2023-24 एवं 2024-25 की स्नातक, स्नातकोत्तर एवं पीएचडी छात्राओं को उपाधियां, स्वर्ण पदक एवं मेरिट प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए।

    समारोह में राजस्थान के राज्यपाल हरिभाउ किसनराव बागड़े मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जबकि विशिष्ट अतिथि के रूप में राजस्थान की उपमुख्यमंत्री श्रीमती दीया कुमारी ने कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाई। इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी को शिक्षा, सांस्कृतिक संरक्षण, समाज सेवा एवं राजस्थान की अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ करने में उनके विशिष्ट योगदान के लिए डॉक्टर ऑफ लेटर्स (डी.लिट.) की मानद उपाधि से सम्मानित किया गया।

    दीक्षांत समारोह के दौरान विभिन्न संकायों एवं विभागों की कुल 3451 छात्राओं को उपाधियां प्रदान की गईं। इनमें 142 स्वर्ण पदक, 710 मेरिट प्रमाण-पत्र, 190 पीएचडी उपाधियां एवं 41 न्यास पुरस्कार(Endowment Awards) शामिल रहे। यह उपलब्धि विश्वविद्यालय की शैक्षणिक उत्कृष्टता एवं गुणवत्ता का प्रतीक है।

    मुख्य अतिथि के रूप में अपने संबोधन में राज्यपाल  हरिभाउ किसनराव बागड़े ने कहा कि दीक्षांत समारोह केवल उपाधि प्राप्ति का अवसर नहीं, बल्कि यह ज्ञान, संस्कार, नारी-स्वाभिमान और राष्ट्र-नवोन्मेष की समन्वित यात्रा का उत्सव है। उन्होंने कहा कि पिछले तीन दशकों से महिला शिक्षा के क्षेत्र में समर्पित आईआईएस विश्वविद्यालय एक ऐसी जीवंत शैक्षणिक परंपरा का प्रतीक है, जहाँ ज्ञान केवल अर्जित नहीं किया जाता, बल्कि उसे संवारा और समाजोपयोगी दिशा दी जाती है।

    उन्होंने छात्राओं को प्रेरित करते हुए कहा कि “‘दीक्षांत’ किसी यात्रा का अंत नहीं, बल्कि नए उत्तरदायित्वों से भरे जीवन की शुरुआत है। आज छात्राएं केवल उपाधि लेकर नहीं, बल्कि ज्ञान, स्वतंत्र सोच और कर्तव्यबोध के साथ समाज में प्रवेश कर रही हैं।”

    विशिष्ट अतिथि उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी ने अपने उद्बोधन में संस्था के संस्थापक डॉ. अशोक गुप्ता को महिला शिक्षा के क्षेत्र में उनके अमूल्य योगदान के लिए स्मरण किया। उन्होंने छात्राओं को महिला शिक्षा के माध्यम से आत्मनिर्भर बनने, समाज के प्रति अपने उत्तरदायित्व निभाने तथा अपने ज्ञान का उपयोग राष्ट्र निर्माण में करने के लिए प्रेरित किया। साथ ही, उन्होंने विश्वविद्यालय द्वारा महिला शिक्षा के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों की सराहना करते हुए इसे समाज के लिए अत्यंत प्रेरणादायक बताया।

    कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए विश्वविद्यालय के कुलाधिपति अमित गुप्ता ने सभी अतिथियों, छात्राओं एवं अभिभावकों का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि स्नातक होना विदाई नहीं, बल्कि जीवन की नई यात्रा की शुरुआत है। विश्वविद्यालय अपने विद्यार्थियों के साथ सदैव जुड़ा रहेगा और उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए प्रतिबद्ध है।

    आईआईएस विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. टी. एन. माथुर ने विश्वविद्यालय की वार्षिक रिपोर्ट का प्रस्तुतिकरण किया तथा उप-कुलाधिपति सुमित गुप्ता ने सभी विशिष्ट अतिथियों, छात्राओं एवं अभिभावकों का आभार व्यक्त करते हुए कार्यक्रम की सफलता में उनके सहयोग के लिए धन्यवाद ज्ञापित किया।

     

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